आगरा: विश्व पर्यटन दिवस-2026 के अवसर पर रविवार को जिला पर्यटन विभाग की ओर से ताज रोड स्थित उत्तर प्रदेश पर्यटन कार्यालय परिसर में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य ताजनगरी आगरा और उत्तर प्रदेश की समृद्ध ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और पर्यटन धरोहरों को वैश्विक स्तर पर और अधिक पहचान दिलाना तथा युवाओं को पर्यटन के क्षेत्र में आ रही आधुनिक तकनीक और नवाचारों से परिचित कराना था।
फतेहपुर सीकरी के ऐतिहासिक भ्रमण के लिए छात्रों को किया रवाना
कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत उत्तर प्रदेश पर्यटन कार्यालय परिसर से हुई। मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे आगरा मंडलायुक्त नगेंद्र प्रताप का स्वागत क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी आगरा, शक्ति सिंह ने किया। इसके बाद पर्यटन एवं होटल प्रबंधन संस्थान, डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय और दयालबाग एजुकेशनल इंस्टीट्यूट में अध्ययनरत करीब 60 छात्र-छात्राओं के दल को फतेहपुर सीकरी के विशेष पर्यटन भ्रमण के लिए रवाना किया गया। मंडलायुक्त नगेंद्र प्रताप ने हरी झंडी दिखाकर बसों को रवाना किया।
इस भ्रमण का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को आगरा की मुगलकालीन स्थापत्य कला और ऐतिहासिक विरासत को बेहद करीब से समझने का व्यावहारिक अवसर प्रदान करना था। इससे छात्र-छात्राओं को ऐतिहासिक स्मारकों के संरक्षण और उसकी संस्कृति के महत्व को गहराई से जानने का मौका मिला।
पेंटिंग प्रतियोगिता में छात्रों ने उकेरी कल्पना
कार्यक्रम के दूसरे चरण में पर्यटन कार्यालय परिसर के भीतर ही एक आकर्षक पेंटिंग प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। ललित कला संस्थान, आगरा के छात्र-छात्राओं के लिए इस प्रतियोगिता की मुख्य थीम ‘आगरा एवं उत्तर प्रदेश पर्यटन धरोहर’ निर्धारित की गई थी। इस प्रतियोगिता में संस्थान के 62 प्रतिभाशाली विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया।
प्रतियोगिता शुरू होने से पहले सभी प्रतिभागियों को कैनवास कलर, पोस्टर कलर, फ्रेंड कैनवास बोर्ड और विशेष पर्यटन किट वितरित किए गए। विद्यार्थियों ने अपनी बेहतरीन तूलिका और कलात्मक प्रतिभा के माध्यम से उत्तर प्रदेश की ऐतिहासिक इमारतों, संस्कृति और धरोहरों को रंगों के जरिए कैनवास पर जीवंत कर दिया।
डिजिटल तकनीक और एआई से बदलेगा पर्यटन का स्वरूप
क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी शक्ति सिंह ने इस वर्ष की वैश्विक थीम ‘पर्यटन को नया रूप देने के लिए डिजिटल एजेंडा और कृत्रिम बुद्धिमत्ता’ (Digital Agenda and Artificial Intelligence for Transforming Tourism) पर प्रकाश डालते हुए प्रतिभागियों को विस्तार से जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि आज के डिजिटल युग में आधुनिक तकनीक, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर्यटन उद्योग को एक नया और आधुनिक आयाम देने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने कला और रचनात्मकता के माध्यम से पर्यटन स्थलों की खूबसूरती को वैश्विक पटल पर प्रस्तुत करने में कलाकारों के योगदान को भी सराहा।
2 अक्टूबर को होगा श्रेष्ठ पांच कलाकृतियों का सम्मान
पर्यटन विभाग के अधिकारियों ने जानकारी दी कि प्रतियोगिता में विद्यार्थियों द्वारा बनाई गई सभी कलाकृतियों में से शीर्ष पांच सर्वश्रेष्ठ पेंटिंग्स का चयन किया जाएगा। इन चयनित पांच उत्कृष्ट कलाकृतियों के रचनाकारों को आगामी 2 अक्टूबर यानी गांधी जयंती के अवसर पर विशेष रूप से सम्मानित किया जाएगा।
इस पूरे आयोजन के दौरान ललित कला संस्थान के प्रो. शारदोल मिश्रा, ममता शर्मा, पर्यटन विभाग के पर्यटन अधिकारी सुरेश रावत, हेमंत कुमार शर्मा, मोहित कुमार और पर्यटन पुलिस बल के अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे। इस कार्यक्रम के जरिए पर्यटन, शिक्षा, कला और युवा सहभागिता को एक ही मंच पर लाने का सफल प्रयास किया गया।