श्रीलंका से छिनी 2027 महिला चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी! ICC ने सरकारी दखल के चलते लिया बड़ा फैसला – Sanjeevni Today

Published on 31 अग॰ 2026

श्रीलंका को 2027 में होने वाली पहली महिला चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी से हाथ धोना पड़ा है। इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने टूर्नामेंट को श्रीलंका से बाहर स्थानांतरित करने का फैसला किया है। इसकी मुख्य वजह श्रीलंका क्रिकेट (SLC) के प्रशासन में सरकारी हस्तक्षेप और बोर्ड की स्वतंत्रता को लेकर ICC की चिंताएं बताई जा रही हैं।

पहली बार होनी थी महिला चैंपियंस ट्रॉफी

2027 की महिला चैंपियंस ट्रॉफी इस टूर्नामेंट का पहला संस्करण होगी। इसमें छह टीमें हिस्सा लेने वाली हैं। प्रतियोगिता का आयोजन 14 से 28 फरवरी 2027 के बीच होना प्रस्तावित है। श्रीलंका को पहले इस ऐतिहासिक टूर्नामेंट की मेजबानी सौंपी गई थी, लेकिन अब मुकाबले किसी दूसरे देश में खेले जाएंगे।

सरकारी दखल बना सबसे बड़ी वजह

ICC की चिंता श्रीलंका क्रिकेट के मौजूदा प्रशासनिक ढांचे को लेकर है। फिलहाल SLC का संचालन एक सरकार द्वारा नियुक्त अंतरिम/ट्रांसफॉर्मेशन कमेटी के तहत हो रहा है। ICC अपने सदस्य क्रिकेट बोर्डों के स्वतंत्र और निर्वाचित प्रशासन पर जोर देता है तथा सरकारी हस्तक्षेप को लेकर उसका रुख सख्त रहा है।

इसी वजह से ICC ने श्रीलंका में टूर्नामेंट आयोजित करने के बजाय इसे किसी अन्य स्थान पर कराने का फैसला किया है।

नया मेजबान कौन होगा?

फिलहाल टूर्नामेंट के नए मेजबान देश का आधिकारिक फैसला नहीं हुआ है। रिपोर्टों के मुताबिक, ICC बोर्ड की अगली बैठक में नए वेन्यू पर फैसला किया जा सकता है। कुछ रिपोर्टों में भारत को संभावित मेजबान के तौर पर बताया गया है, लेकिन अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

श्रीलंका की महिला टीम पर भी असर?

मेजबानी गंवाने के साथ श्रीलंका की महिला टीम की टूर्नामेंट में भागीदारी को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। मूल व्यवस्था में मेजबान होने के कारण श्रीलंका को प्रतियोगिता में जगह मिलनी थी। अब मेजबान बदलने के बाद योग्यता का समीकरण भी बदल सकता है। हालांकि, ICC ने अभी इस संबंध में कोई नया आधिकारिक क्वालिफिकेशन सिस्टम घोषित नहीं किया है।

श्रीलंका क्रिकेट के लिए पुरानी समस्या फिर सामने आई

श्रीलंका क्रिकेट और ICC के बीच सरकारी हस्तक्षेप को लेकर विवाद नया नहीं है। इससे पहले भी प्रशासन में सरकारी दखल को लेकर ICC ने श्रीलंका क्रिकेट पर कार्रवाई की थी और 2024 पुरुष अंडर-19 विश्व कप की मेजबानी भी श्रीलंका से हटाई गई थी।

अब 2027 महिला चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी छिनना श्रीलंकाई क्रिकेट के लिए एक और बड़ा झटका माना जा रहा है।

श्रीलंका क्रिकेट की उम्मीद अभी कायम

दिलचस्प बात यह है कि श्रीलंका क्रिकेट का अंतरिम प्रशासन अब ICC की चिंताओं को दूर करने के लिए सुधारों पर काम करने की बात कह रहा है। रिपोर्टों के अनुसार, SLC ICC के साथ मिलकर प्रशासनिक बदलावों को आगे बढ़ाने की कोशिश कर रहा है और मेजबानी वापस पाने की उम्मीद भी जताई गई है।

कुल मिलाकर, 2027 महिला चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी श्रीलंका से बाहर जाना वहां के क्रिकेट प्रशासन के लिए बड़ा झटका है। ICC ने स्पष्ट रूप से क्रिकेट बोर्ड की स्वतंत्रता और सरकारी हस्तक्षेप से दूरी को अहम माना है। अब नजर ICC की अगली बैठक पर रहेगी, जहां नए मेजबान को लेकर अंतिम फैसला होने की उम्मीद है।