8th Pay Commission: ₹18,000 की बेसिक सैलरी हो सकती है ₹48,000! समझें 5 फैमिली यूनिट का फॉर्मूला

Published on 24 अग॰ 2026

8th Pay Commission Salary Hike: केंद्रीय कर्मचारियों के लिए 8वें वेतन आयोग से जुड़ी चर्चाओं के बीच न्यूनतम बेसिक सैलरी को लेकर एक नया अनुमान सामने आया है। कर्मचारी संगठन चाहते हैं कि वेतन तय करने के लिए इस्तेमाल होने वाली फैमिली यूनिट की संख्या मौजूदा 3 से बढ़ाकर 5 की जाए। अगर सरकार इस मांग को स्वीकार करती है और प्रस्तावित गणना के आधार पर 2.66 का फिटमेंट फैक्टर लागू होता है, तो मौजूदा ₹18,000 की न्यूनतम बेसिक सैलरी बढ़कर करीब ₹48,000 हो सकती है। हालांकि, यह केवल कर्मचारी संगठनों की मांग और अनुमान पर आधारित गणना है। 8वें वेतन आयोग की अंतिम सिफारिश आने तक इसे आधिकारिक वेतन वृद्धि नहीं माना जा सकता। आइए जरा विस्तार से इसकी डिटेल्स जानते हैं।

नेशनल काउंसिल ऑफ ज्वाइंट कंसल्टेटिव मशीनरी (NC-JCM) समेत कई कर्मचारी संगठनों ने 8वें वेतन आयोग के सामने फैमिली यूनिट की संख्या बढ़ाने की डिमांड रखी है। उनका तर्क है कि मौजूदा व्यवस्था में कर्मचारी, पति/पत्नी और दो बच्चों के आधार पर परिवार की जरूरतों को देखा जाता है, जबकि माता-पिता की जिम्मेदारी भी कर्मचारी पर होती है। इसलिए, माता-पिता को भी फैमिली यूनिट में शामिल किया जाना चाहिए।

NC-JCM ने न्यूनतम बेसिक पे को ₹18,000 से बढ़ाकर ₹69,000 करने की मांग की है। वहीं, AIDEF, AINPSEF और FNPO जैसे कर्मचारी संगठनों ने भी फैमिली यूनिट को 5 करने की मांग का समर्थन किया है।

ऑर्गनाइजेशनफैमिली यूनिट्स
AINPSEFपरिवार की यूनिट को 5 तक बढ़ाएं (न्यूनतम वेतन ₹69,000)
NC-JCM Staff Side memorandum5 यूनिट वाले परिवार के लिए न्यूनतम वेतन का प्रस्ताव (₹69,000 न्यूनतम वेतन)।
AIDEF5 यूनिट वाले परिवार के लिए न्यूनतम वेतन का प्रस्ताव (₹69,000 न्यूनतम वेतन)।
FNPO5 यूनिट वाले परिवार के लिए न्यूनतम वेतन का प्रस्ताव (₹69,000 न्यूनतम वेतन)।
IRTSAइसमें 4.6–4.8 उपभोग यूनिट (जिसमें आश्रित माता-पिता और बच्चे शामिल हैं) की सिफारिश की गई है। इसके आधार पर ₹52,600 का प्रस्तावित न्यूनतम वेतन तय किया गया है।

AINPSEF के अध्यक्ष मनजीत सिंह पटेल की गणना के मुताबिक, अगर 5 फैमिली यूनिट को आधार बनाया जाता है, तो फिटमेंट फैक्टर करीब 2.66 तक पहुंच सकता है। उदाहरण के तौर पर Level 1 कर्मचारी की मौजूदा बेसिक सैलरी ₹18,000 है। 58% DA के हिसाब से ₹10,440 DA जुड़ता है। इस तरह बेसिक और DA मिलाकर राशि ₹28,440 होती है।

इसके बाद 5 फैमिली यूनिट के आधार पर गणना की जाती है, ₹28,440 × 5 ÷ 3 = ₹47,400, जिसे करीब ₹48,000 माना गया है, यानी ₹18,000 की मौजूदा बेसिक सैलरी की तुलना में लगभग ₹30,000 की बढ़ोतरी का अनुमान बनता है। इसी गणना से 2.66 फिटमेंट फैक्टर का अनुमान लगाया गया है।

अगर वास्तव में 2.66 फिटमेंट फैक्टर लागू होता है, तो अलग-अलग पे लेवल के कर्मचारियों की बेसिक सैलरी भी मौजूदा स्तर से काफी ऊपर जा सकती है। हालांकि, वास्तविक नई बेसिक सैलरी केवल फिटमेंट फैक्टर से तय नहीं होगी। पे मैट्रिक्स, DA की स्थिति, फिटमेंट फैक्टर और 8वें वेतन आयोग की अंतिम सिफारिशें इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।

इसलिए, ₹48,000 को अभी पक्की न्यूनतम सैलरी समझना सही नहीं होगा। फिलहाल, यह कर्मचारी संगठनों द्वारा प्रस्तुत एक संभावित मॉडल है। 8वां वेतन आयोग अपनी सिफारिशें सरकार को देगा, जिसके बाद अंतिम फैसला केंद्र सरकार करेगी।