Patna Airport News: पटना एयरपोर्ट पर वाहन पार्किंग की व्यवस्था जल्द ही पूरी तरह तकनीक आधारित होने जा रही है. यात्रियों और वाहन चालकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए एयरपोर्ट परिसर में पार्किंग मैनेजमेंट सिस्टम को बेहतर बनाने का काम शुरू कर दिया गया है. नई व्यवस्था लागू होने के बाद लोग ऐप के जरिए पार्किंग की जगह का चयन कर सकेंगे और बिना Fastag वाले वाहनों के लिए भी ऑनलाइन पेमेंट की सुविधा उपलब्ध होगी.
लोकनायक जयप्रकाश नारायण अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा परिसर में प्रवेश और निकास के दौरान वाहनों की आवाजाही को सुगम बनाने के लिए नई पार्किंग व्यवस्था विकसित की जा रही है. हाल ही में एयरपोर्ट परिसर में वाहनों के प्रबंधन की जिम्मेदारी नई एजेंसी को दी गई है. एजेंसी के मुताबिक करीब एक पखवारे के भीतर पीएमएसस ऐप के माध्यम से पार्किंग स्लॉट बुक करने की सुविधा शुरू करने की तैयारी है.
पार्किंग संचालन कर रही एजेंसी पार्कमॉन्ट प्राइवेट लिमिटेड के विपिन कुमार ने बताया कि पार्किंग व्यवस्था को तकनीकी रूप से बेहतर बनाने के लिए एयरपोर्ट परिसर में काम शुरू हो चुका है. इसके तहत कंट्रोल एंड कमांड रूम भी तैयार किया जा रहा है. इस व्यवस्था के जरिए पार्किंग के साथ-साथ वाहनों की आवाजाही पर भी निगरानी रखी जाएगी.
ऐप से दिखेगा पार्किंग का रियल टाइम स्टेटस
नई व्यवस्था की खासियत यह होगी कि वाहन चालक ऐप के माध्यम से पार्किंग की उपलब्धता देख सकेंगे. ऐप पर खुली पार्किंग और बहुमंजिली पार्किंग में उपलब्ध जगह का रियल टाइम स्टेटस दिखाई देगा. इसके आधार पर वाहन चालक अपनी सुविधा के अनुसार पार्किंग स्थल का चयन कर सकेंगे.
इससे एयरपोर्ट पहुंचने के बाद पार्किंग की जगह तलाशने में लगने वाला समय कम होगा. साथ ही पार्किंग क्षेत्र में वाहनों की अनावश्यक आवाजाही और भीड़ को नियंत्रित करने में भी मदद मिलेगी.
बिना Fastag वाले वाहनों के लिए भी ऑनलाइन पेमेंट
पटना एयरपोर्ट की नई पार्किंग व्यवस्था में बिना Fastag वाले वाहनों को भी राहत मिलेगी. ऐसे वाहन चालकों को ऐप के माध्यम से ऑनलाइन पेमेंट की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी. मौजूदा मैनुअल व्यवस्था में निकास द्वार पर भुगतान के दौरान वाहनों की कतार लग जाती है, जिससे कई बार जाम की स्थिति बन जाती है.
नई तकनीकी व्यवस्था में वाहनों के नंबर को कैमरे और स्कैनिंग सिस्टम के जरिए पहचानने की तैयारी है. वाहन का नंबर स्कैन होते ही सिस्टम भुगतान की स्थिति की जांच करेगा और प्रक्रिया पूरी होने पर निकास द्वार का बूम बैरियर अपने आप खुल जाएगा.
कैमरे से जुड़े होंगे प्रवेश और निकास द्वार
नई पार्किंग व्यवस्था में निकास द्वार के पास लगाए जाने वाले कैमरों को ऐप और तकनीकी सिस्टम से जोड़ा जाएगा. वाहन के पहुंचते ही उसका नंबर स्कैन किया जाएगा और सिस्टम के माध्यम से पार्किंग शुल्क तथा भुगतान की जानकारी की पुष्टि होगी.
इस पूरी प्रक्रिया के स्वचालित होने से निकास द्वार पर वाहनों को अधिक देर तक रुकने की जरूरत नहीं होगी. एयरपोर्ट प्रशासन का उद्देश्य पार्किंग व्यवस्था के साथ-साथ प्रवेश और निकास द्वार पर यातायात को भी सुगम बनाना है.
मुंबई एयरपोर्ट पर भी मिल रही ऐसी सुविधा
पार्किंग का संचालन कर रही एजेंसी के प्रबंधक के अनुसार कंपनी की ओर से मुंबई एयरपोर्ट पर भी इस तरह की तकनीकी सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है. इसी तर्ज पर पटना एयरपोर्ट पर भी पार्किंग मैनेजमेंट सिस्टम को विकसित किया जा रहा है.
एयरपोर्ट प्रशासन ने एजेंसी को निर्धारित समय सीमा के भीतर नई व्यवस्था तैयार करने का निर्देश दिया है. इसके लागू होने के बाद यात्रियों और वाहन चालकों को पार्किंग की उपलब्धता की जानकारी पहले से मिल सकेगी और पार्किंग शुल्क के भुगतान की प्रक्रिया भी अधिक सुविधाजनक हो सकेगी.