झारखंड के सरकारी स्कूलों की बदलेगी तस्वीर, तीन साल की विकास योजना बनाएगी एसएमसी
Jharkhand Govt: झारखंड के सरकारी स्कूलों में सुविधाएं बेहतर बनाने के लिए तीन वर्षीय विकास योजना तैयार होगी. विद्यालय प्रबंधन समिति को जिम्मेदारी मिली है. योजना में मरम्मत, रखरखाव और पंचायत की भागीदारी पर जोर रहेगा.
Jharkhand Govt: झारखंड के सरकारी स्कूलों में सुविधाएं बेहतर बनाने के लिए तीन वर्षीय विकास योजना तैयार होगी. विद्यालय प्रबंधन समिति को जिम्मेदारी मिली है. योजना में मरम्मत, रखरखाव और पंचायत की भागीदारी पर जोर रहेगा.
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सांकेतिक तस्वीर
Jharkhand Govt:झारखंड के सरकारी स्कूलों में आधारभूत सुविधाओं को बेहतर बनाने, उनकी देखभाल करने और जरूरत पड़ने पर मरम्मत कराने के लिए तीन साल की विकास योजना तैयार की जाएगी. इस योजना का उद्देश्य विद्यालयों में जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराना और पहले से मौजूद सुविधाओं को बेहतर बनाए रखना है. इसके तहत वित्तीय वर्ष 2027-28 से अगले तीन वर्षों के लिए विद्यालय विकास योजना बनाई जाएगी. इसकी जिम्मेदारी विद्यालय प्रबंधन समिति (एसएमसी) को सौंपी गई है.
शिक्षा परियोजना परिषद ने जारी किया निर्देश
इस संबंध में झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद के परियोजना निदेशक शशि रंजन ने 25 सितंबर 2026 को निर्देश जारी किया है. यह निर्देश सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों सह जिला कार्यक्रम पदाधिकारियों और जिला शिक्षा अधीक्षकों सह अपर जिला कार्यक्रम पदाधिकारियों को दिया गया है. अधिकारियों को योजना तैयार करने और तय समय के भीतर इससे जुड़ी सभी प्रक्रियाएं पूरी करने को कहा गया है.
पंचायत की विकास योजना में भी शामिल होंगे स्कूल
निर्देश के अनुसार, विद्यालय विकास योजना को केवल स्कूल तक सीमित नहीं रखा जाएगा. इसे ग्राम पंचायत विकास योजना में भी शामिल कराया जाएगा. इसके लिए जिला स्तर के अधिकारियों को पंचायती राज विभाग के साथ मिलकर काम करने का निर्देश दिया गया है. इस व्यवस्था से स्कूलों की जरूरतों को पंचायत की विकास योजनाओं में शामिल करने में मदद मिलेगी. इससे विद्यालयों में जरूरी निर्माण कार्य, सुविधाओं के रखरखाव और मरम्मत से जुड़े कामों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जा सकेगा.
चार चरणों में पूरी होगी योजना बनाने की प्रक्रिया
विद्यालय विकास योजना तैयार करने और उसे अंतिम रूप देने के लिए चार चरण निर्धारित किए गए हैं. सबसे पहले विद्यालय स्तर पर 1 से 10 अक्टूबर तक योजना तैयार की जाएगी. इसके बाद 11 से 17 अक्टूबर तक संकुल स्तर पर काम होगा. प्रखंड स्तर पर 21 से 26 अक्टूबर तक योजना से संबंधित प्रक्रिया पूरी की जाएगी. वहीं, जिला स्तर पर 27 से 31 अक्टूबर तक योजना तैयार करने और उसके समेकन का काम पूरा किया जाएगा. संबंधित अधिकारियों को तय समय सीमा के भीतर सभी जरूरी जानकारियां दर्ज करने का निर्देश दिया गया है. संकुल, प्रखंड और जिला स्तर पर योजना से जुड़ी प्रविष्टियां निर्धारित लिंक के माध्यम से की जाएंगी.
मरम्मत और रखरखाव के लिए राशि का होगा उपयोग
विद्यालय विकास योजना के तहत स्कूलों की इमारतों और अन्य आधारभूत सुविधाओं के रखरखाव और मरम्मत को प्राथमिकता दी जा सकती है. इसके लिए 14वें और 15वें वित्त आयोग से मिलने वाली राशि का भी उपयोग किया जा सकता है. जिला शिक्षा अधीक्षक सह झारखंड शिक्षा परियोजना के अपर जिला कार्यक्रम पदाधिकारी रामजी प्रसाद ने बताया कि विकास योजना तैयार करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. इस योजना से सरकारी स्कूलों की जरूरतों को व्यवस्थित तरीके से पहचानने और उपलब्ध संसाधनों के बेहतर इस्तेमाल में मदद मिलने की उम्मीद है.
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