भारतीय खेल जगत से इस समय एक बहुत बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है, जो देश के करोड़ों खेल प्रेमियों को निराश करने के साथ-साथ नए एथलीटों के लिए एक बड़ा अवसर भी लेकर आई है। भारत के गोल्डन बॉय और दुनिया के शीर्ष जैवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा गंभीर चोट (इंजरी) के चलते चालू सीजन के बाकी बचे सभी महत्वपूर्ण मुकाबलों से बाहर हो गए हैं। इस चोट के कारण वह आगामी 2026 एशियाई खेलों (Asian Games 2026) में भी हिस्सा नहीं ले पाएंगे, जिसका मतलब यह है कि वह जकार्ता 2018 और हांगझोऊ 2023 के एशियाई खेलों में जीते गए अपने स्वर्ण पदकों का बचाव करने मैदान पर नहीं उतर सकेंगे। एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (AFI) द्वारा जारी आधिकारिक अपडेट के अनुसार, नीरज चोपड़ा की अनुपस्थिति में भारतीय दल की स्वर्ण पदक की उम्मीदों को जिंदा रखने के लिए कॉमनवेल्थ गेम्स में देश के लिए कांस्य पदक जीतने वाले प्रतिभाशाली जैवलिन थ्रोअर यशवीर सिंह को उनके रिप्लेसमेंट के रूप में 77 सदस्यीय भारतीय ट्रैक एंड फील्ड टीम में आधिकारिक तौर पर शामिल कर लिया गया है।
आगामी 19 सितंबर से 4 अक्टूबर 2026 के बीच जापान के आइची-नागोया शहर में आयोजित होने वाले इन प्रतिष्ठित एशियाई खेलों के लिए एएफआई ने गुरुवार यानी 3 सितंबर को अपनी अंतिम और विस्तारित 77 सदस्यीय भारतीय एथलेटिक्स टीम की घोषणा कर दी है। इससे पहले चयनकर्ताओं ने 73 सदस्यीय दल का चयन किया था जिसमें नीरज चोपड़ा का नाम सबसे ऊपर शामिल था, लेकिन उनकी फिटनेस संबंधी समस्याओं के चलते उन्हें मजबूरन अपना नाम वापस लेना पड़ा। इस बदलाव के बाद अब देश की भाला फेंक स्पर्धा (Men's Javelin Throw) में यशवीर सिंह के साथ-साथ अनुभवी और तेज तर्रार एथलीट रोहित यादव भी भारतीय चुनौती की कमान संभालेंगे। खेल प्रेमियों की निगाहें अब इस बात पर टिकी हैं कि क्या यशवीर सिंह अंतरराष्ट्रीय मंच पर नीरज चोपड़ा की गैरमौजूदगी के खालीपन को भरकर देश को गौरव दिला पाते हैं या नहीं।
एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया ने जारी की 77 सदस्यीय मजबूत भारतीय टीम, कई नए एथलीटों की हुई एंट्री
एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (AFI) द्वारा घोषित की गई 77 सदस्यीय इस विशालकाय ट्रैक एंड फील्ड टीम में देश के चुनिंदा और सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों को जगह दी गई है। मूल रूप से मंजूर की गई टीम में हालिया प्रदर्शन और फिटनेस के आधार पर 6 नए और होनहार एथलीटों को भी शामिल किया गया है, जिससे दल की ताकत और अधिक बढ़ गई है। इन नए शामिल किए जाने वाले खिलाड़ियों में 200 मीटर की तेज धाविका हरिता भद्रा, क्वार्टर-माइलर किरण पहल, पोल वॉल्टर सिंधुश्री जी, ट्रिपल जम्पर आई. आशा इलांगो, डिस्कस थ्रोअर सान्या यादव और हैमर थ्रोअर प्रवीण कुमार प्रमुख रूप से शामिल हैं। इन खिलाड़ियों का चयन विभिन्न राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में उनके शानदार प्रदर्शन को ध्यान में रखकर किया गया है।
जापान के आइची-नागोया में होने वाले इन महामुकाबलों के लिए भारतीय दल पूरी तरह से तैयार नजर आ रहा है। ट्रैक एंड फील्ड के विभिन्न इवेंट्स में देश के शीर्ष खिलाड़ी अपनी कला का प्रदर्शन करेंगे। पुरुषों के वर्ग में 100 मीटर और रिले स्पर्धाओं के लिए गुरिंदरवीर सिंह और अनिमेष कुजूर को जिम्मेदारी सौंपी गई है, जबकि लंबी दूरी के दौड़ मुकाबलों में देश के स्टार एथलीट अविनाश साबले (3000 मीटर स्टीपलचेज) और गुलवीर सिंह (5000 व 10000 मीटर) से पदक की सबसे ज्यादा उम्मीदें टिकी हुई हैं। इसके अलावा शॉटपुट में देश के दिग्गज खिलाड़ी तजिंदरपाल सिंह तूर और करणवीर सिंह एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपना दबदबा कायम करने के लिए पूरी तरह से मुस्तैद हैं, जो भारत के लिए पदक तालिका में अहम योगदान दे सकते हैं।
महिला वर्ग में ज्योति याराजी, पारुल चौधरी और अन्नू रानी समेत कई धुरंधर संभालेंगी मोर्चा
पुरुषों के साथ-साथ महिला वर्ग में भी भारत का यह 77 सदस्यीय एथलेटिक्स दल बेहद संतुलित और मजबूत दिखाई दे रहा है। ट्रैक इवेंट्स में हर्डल्स की स्टार खिलाड़ी ज्योति याराजी और नंदिनी के 100 मीटर हर्डल्स में अपनी फुर्ती का जलवा बिखेरेंगी, जबकि लंबी दूरी की दौड़ और स्टीपलचेज में पारुल चौधरी और सीमा देश का प्रतिनिधित्व करेंगी। इसके अलावा महिला जैवलिन थ्रो (भाला फेंक) स्पर्धा में देश की दिग्गज और अनुभवी एथलीट अन्नू रानी से एक बार फिर स्वर्ण पदक जीतने की उम्मीद की जा रही है, जिन्होंने पिछले कई सालों से अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भारत का मान बढ़ाया है। फील्ड इवेंट्स में लॉन्ग जंप के लिए एंसी सोजन ई और शैली सिंह तथा ट्रिपल जंप के लिए निहारिका वशिष्ठ व आई. आशा इलांगो को टीम में जगह दी गई है।
रिले रेस मुकाबलों में भी भारत ने अपनी रणनीति को पुख्ता करते हुए सुदेशना शिवणकर, स्नेहा एस एस, नित्या गांधे, तमन्ना, श्राबणी नंदा और अभिनाया राजराजन जैसी तेज धाविकाओं को 4x100 मीटर रिले के लिए शामिल किया है, जबकि 4x400 मीटर रिले और मिक्स्ड रिले इवेंट्स में प्राची, किरण पहल, नीरू पाठक, रशदीप कौर और पुवम्मा आर जैसी अनुभवी एथलीट ट्रैक पर उतरेंगी। महाद्वीपीय खेलों के इस सबसे बड़े मंच पर भारतीय एथलीटों से रिकॉर्डतोड़ प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है। हालांकि नीरज चोपड़ा के बाहर होने से टीम को एक भावनात्मक झटका जरूर लगा है, लेकिन यशवीर सिंह और अन्य युवा खिलाड़ियों के जोश को देखकर यह उम्मीद जताई जा रही है कि भारत जापान की धरती पर इतिहास रचने में सफल रहेगा और एशियन गेम्स 2026 में देश का तिरंगा शान से लहराएगा।