ई-पॉश मशीन से अंगूठा लगाएंगे तो खुलेगा पूरा रिकॉर्ड, 8.59 लाख लोगों ने कराई ई-केवाईसी - Balod News

Published on 17 सित॰ 2026

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राशन कार्ड से खाद्यान्न वितरण के लिए ई-केवाईसी अनिवार्य किया गया है। खाद्य विभाग के अनुसार जिले में कुल 2 लाख 42 हजार 561 परिवारों के पास राशन कार्ड है। इन परिवारों मंे कुल 8 लाख 78 हजार 882 सदस्य है। इसमें से 8 लाख 59 हजार 7 लोग ई-केवाईसी सत्यापन करवा चुके है। इस लिहाज से 19 हजार 875 लोगों का अब तक ई-केवाईसी नहीं हो पाया है।

हालांकि दावा किया जा रहा है कि जिन लोगों का ई-केवाईसी नहीं हुआ है, उनमें 5 साल से कम उम्र के बच्चे और 60 साल से ज्यादा उम्र के बच्चे शामिल है। इन लोगों को ई-केवाईसी कराने की बंदिशें नहीं है। दावा किया जा रहा है कि जिले में शत प्रतिशत लोग ई-केवाईसी करवा चुके है। जो बचे होंगे, उन्हें राशन दुकान के संचालक जल्द प्रक्रिया पूरी कराने सूचना दे रहे हैं। राशन दुकानों में पहुंचकर या ऑनलाइन एप के माध्यम से ई-केवाईसी करा सकते हैं। प्रभारी खाद्य अधिकारी संतोष कुमार ने बताया कि राशन कार्ड में जितने सदस्य के नाम दर्ज है, उनमें से अधिकांश लोग ई-केवाईसी करवा चुके हैं। जिले में 5 साल से कम उम्र के 17 हजार बच्चे हैं। सर्वाधिक ई-केवाईसी वाले जिलों में बालोद जिला प्रदेशभर में टॉप-5 में हैं।

आधार कार्ड अपडेट जरूरी ताकि ई-केवाईसी प्रक्रिया पूरी हो सकें राशन कार्ड सत्यापन कराने ई-केवाईसी के लिए आधार कार्ड का अपडेट होना जरुरी है। कई हितग्राहियों ने अपना आधार कार्ड अपडेट नहीं कराया है। इस वजह से ई-केवाईसी करवाने में दिक्कत आ रही है। कई जगहों से जानकारी मिल रही है कि आधार कार्ड पुराना हो चुका है इसलिए ई-पॉश मशीन में फिंगर प्रिंट नहीं ले पा रहा है। आधार अपडेट करवाने सूचना दे रहे है ताकि ई-केवाईसी प्रक्रिया पूरी हो सकें। बहरहाल दावा किया जा रहा है कि जिले के अधिकांश लोग ई-केवाईसी करवा चुके हैं। ई-केवाईसी को लेकर पहले समय तय किया गया था लेकिन अब बंदिशें नहीं हैं।

मशीन से भी हो रही है प्रक्रिया जिले में 470 से ज्यादा राशन दुकान है। जहां ई-पॉश मशीन के जरिए राशन वितरण के अलावा ई-केवाईसी भी हो रहा है। मशीन में अंगूठा लगाने पर पूरा रिकॉर्ड खुल जाएगा। पहले राशन दुकानों में केवल फोटोग्राफी के आधार पर राशन दिया जाता था, लेकिन इसे अपडेट करते हुए राशन के लिए फिंगरप्रिंट को अनिवार्य कर दिया गया है। हितग्राही या परिवार के सदस्य का नाम राशन कार्ड में जुड़ा है तो फिंगरप्रिंट के मदद से राशन ले सकता है। जिस तरह किसान सम्मान निधि योजना के लिए ई-केवाईसी अनिवार्य किया गया है, उसी तरह अब राशन के लिए भी किया गया है। ई-पॉस मशीन में पहले से हितग्राहियांे के रिकॉर्ड अपलोड है।

एप के माध्यम से ऐसे कर सकते हैं खाद्य विभाग के अनुसार मेरा ई-केवाईसी एप के माध्यम से ई-केवाईसी करने के लिए लोगों को अपने एंड्रायड मोबाइल में प्ले स्टोर से एप डाउनलोड करना होगा। जिसके बाद हितग्राही राज्य, जिला का चयन कर अपना आधार नंबर डालकर आधार ओटीपी के माध्यम से फेस ई-केवाईसी कर सकते हैं। विभागीय जानकारी अनुसार ग्रामीण क्षेत्र के अलावा शहरी क्षेत्र में भी अधिकांश लोग राशन दुकानों मंे पहुंचकर ई-केवाईसी करवा चुके है। दो साल पहले शहरी व ग्रामीण स्तर के राशन दुकानों, सार्वजनिक स्थानों में शिविर लगाए गए थे बावजूद फिलहाल लक्ष्य अधूरा ही है। जिले में वर्ष 2023 से ई-केवाईसी को लेकर विभागीय प्रक्रिया जारी है।