दिल्ली में मियां-बीवी निकले आईएसआई के मददगार, साहिल और समीरा गिरफ्तार, 8 भारतीय SIM पाकिस्तान भेजने का आरोप | delhi-isi-spy-module-sahil-sameera-arrested-pakistan-sim-cards

Published on 28 अग॰ 2026

नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने पाकिस्तान स्थित खुफिया नेटवर्क से कथित तौर पर जुड़े एक दंपति को गिरफ्तार कर जासूसी मॉड्यूल का खुलासा करने का दावा किया है। पुलिस के मुताबिक, मोहम्मद साहिल और उसकी पत्नी समीरा पर पाकिस्तानी खुफिया ऑपरेटिव्स के लिए लॉजिस्टिक मदद उपलब्ध कराने, भारतीय सिम कार्ड पाकिस्तान भेजने और संवेदनशील सूचनाएं जुटाने में सहयोग करने का आरोप है।

पुलिस के अनुसार, दोनों 2024 में सोशल मीडिया के जरिए पाकिस्तानी खुफिया एजेंटों के संपर्क में आए थे। जांच में सामने आया है कि दंपति ने 2024 और 2025 के दौरान दुबई के रास्ते आठ भारतीय SIM कार्ड पाकिस्तान भेजे। इसके बदले उन्हें कथित तौर पर 30 हजार रुपये दिए गए।

इंस्टाग्राम के जरिए पाकिस्तानी एजेंट के संपर्क में आया साहिल

स्पेशल सेल की नॉर्दर्न रेंज को दिल्ली-NCR में सक्रिय पाकिस्तान समर्थित कथित जासूसी नेटवर्क के बारे में इनपुट मिला था। जांच आगे बढ़ने पर पुलिस ने नेटवर्क से जुड़े स्थानीय लोगों की पहचान की। इसी कड़ी में सराय काले खां निवासी मोहम्मद साहिल को गिरफ्तार किया गया।

पुलिस का दावा है कि साहिल के मोबाइल फोन की फोरेंसिक जांच में पाकिस्तानी हैंडलर्स के साथ आपत्तिजनक बातचीत और चैट मिलीं। पूछताछ में सामने आया कि साहिल 2024 में अपनी दोस्त समीरा के माध्यम से इंस्टाग्राम पर एक पाकिस्तानी एजेंट के संपर्क में आया था। बाद में दोनों ने शादी कर ली। पुलिस के मुताबिक, इसके बाद दोनों को कथित तौर पर पाकिस्तानी इंटेलिजेंस नेटवर्क के लिए काम करने के लिए तैयार किया गया।

8 सिम कार्ड पाकिस्तान भेजने का आरोप

जांच एजेंसी के अनुसार, साहिल और समीरा को दिल्ली में नेटवर्क के लिए लॉजिस्टिक सहायता देने तथा नए लोगों को भर्ती करने की जिम्मेदारी दी गई थी। आरोप है कि उन्होंने दुबई के जरिए आठ भारतीय SIM कार्ड पाकिस्तान पहुंचाए। इन सिम से पाकिस्तान में वाट्सएप अकाउंट सक्रिय किए गए।

पुलिस का कहना है कि इन अकाउंट्स के जरिए भारतीय WhatsApp समूहों तक पहुंच बनाने और वहां से संवेदनशील जानकारी हासिल करने की कोशिश की गई। कथित पाकिस्तानी हैंडलर्स इन नंबरों के जरिए भारतीयों से संपर्क करते थे।

छावनी इलाकों की रेकी का भी आरोप

पुलिस के मुताबिक, साहिल को भारत के अलग-अलग हिस्सों में सैन्य छावनी क्षेत्रों की रेकी करने का काम सौंपा गया था। इसके अलावा उस पर ऐसे सैन्यकर्मियों की जानकारी जुटाने का भी आरोप है, जिनसे संबंधित कोर्ट मार्शल कार्यवाही ट्रिब्यूनल में लंबित थी।

साहिल से पूछताछ के बाद पुलिस ने उसकी पत्नी समीरा को भी गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, पाकिस्तानी नेटवर्क को SIM कार्ड उपलब्ध कराने में समीरा की भूमिका अहम थी। दोनों के मोबाइल फोन की फोरेंसिक जांच में पाकिस्तानी हैंडलर्स के साथ कथित WhatsApp बातचीत मिली है।

साहिल और समीरा की पृष्ठभूमि भी खंगाली गई

पुलिस के अनुसार, 2001 में जन्मा साहिल इग्नू से बीए कर चुका है। उसने एलएलबी की पढ़ाई के लिए एक वकील के साथ काम किया था, लेकिन जून 2025 में नौकरी छोड़ने के बाद बेरोजगार था। वहीं 2005 में जन्मी समीरा ने दिल्ली से 12वीं की पढ़ाई के बाद कॉरेस्पोंडेंस से बीए किया और गिरफ्तारी से पहले नोएडा के एक कॉल सेंटर में काम कर रही थी।

पुलिस का कहना है कि दोनों से पूछताछ के आधार पर कथित पाकिस्तानी खुफिया नेटवर्क की कार्यप्रणाली, उसके स्थानीय संपर्कों और संचार के तरीकों से जुड़ी अहम जानकारी मिली है। मामले में आगे की जांच जारी है।