बिहार के कई जिलों में भारी बारिश का दौर जारी। पटना, भागलपुर, भोजपुर और पूर्णिया में अलर्ट। भारी जलजमाव के कारण किऊल-भागलपुर रेलखंड पर ट्रेनों का परिचालन कुछ देर के लिए प्रभावित रहा।
बिहार के कई जिलों में भारी बारिश का दौर जारी। (Ai Image)
- Published: 20 Jul 2026, 03:19 PM IST
- Last Updated: 20 Jul 2026, 03:19 PM IST
Bihar Rain Alert: बिहार में मॉनसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। सोमवार को पटना सहित राज्य के 14 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। पटना में सुबह से ही आसमान में बादल छाए रहे और दिन के समय झमाझम बारिश हुई, जिससे दृश्यता (visibility) घटकर 50 मीटर तक रह गई थी।
मौसम विभाग ने अगले 21 से 24 जुलाई तक पटना के विभिन्न हिस्सों में बारिश का पूर्वानुमान जताया है।
अगले कुछ घंटे इन जिलों के लिए अहम
मौसम विभाग ने चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि अगले कुछ घंटों के भीतर भागलपुर, भोजपुर, बक्सर, कटिहार, पूर्णिया और रोहतास जिलों में मध्यम दर्जे की बारिश हो सकती है। इस दौरान मेघ गर्जन और वज्रपात के साथ 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। भोजपुर जिले में तो सोमवार सुबह से ही रुक-रुक कर बारिश का सिलसिला जारी है।
भारी जलजमाव से किऊल- भागलपुर रेलखंड पर ट्रेनों का परिचालन रहा ठप
भारी बारिश का असर रेल यातायात पर भी पड़ा है। कजरा रेलवे स्टेशन के पास ट्रैक पर करीब दो फीट पानी जमा हो जाने के कारण किऊल- भागलपुर रेलखंड पर ट्रेनों का परिचालन सुरक्षा कारणों से अस्थायी रूप से रोक दिया गया था।
इस दौरान भागलपुर- सूरत सुपरफास्ट एक्सप्रेस अभयपुर में, जमालपुर-किऊल डीएमयू धरहरा में और गया-जमालपुर पैसेंजर दशरथपुर स्टेशन पर घंटों खड़ी रही। सुरक्षा जांच के बाद सुबह 10:14 बजे रेल परिचालन बहाल किया गया। स्टेशन प्रबंधक ललित कुमार ने यात्रियों से धैर्य रखने की अपील की है।
किसानों के चेहरे पर लौटी मुस्कान
बारिश की खबर का एक सकारात्मक पहलू बांका जिले से सामने आया है। पिछले कई दिनों से सूखे जैसे हालात के कारण धान की रोपनी प्रभावित हो रही थी, लेकिन सोमवार को हुई झमाझम बारिश से किसानों में भारी उत्साह है। खेतों में पर्याप्त पानी जमा होने से अब धान की रोपनी में तेजी आने की उम्मीद है।
कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि खरीफ फसलों के लिए यह बारिश बेहद लाभदायक साबित होगी। बारिश होते ही किसान परिवार अपने खेतों की ओर निकल पड़े हैं और कृषि कार्यों में तेजी आ गई है।