CJP प्रोटेस्ट में RAF जवानों पर बनाई 'टॉयलेट क्लीनर' वाली रील, अब माफी मांग रही इन्फ्लुएंसर

Published on 31 जुल॰ 2026

Jul 31, 2026 03:57 pm ISTलाइव हिन्दुस्तान, नई दिल्ली

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दिल्ली में CJP प्रदर्शन के दौरान RAF जवानों पर आपत्तिजनक रील बनाकर इन्फ्लुएंसर श्रद्धा सिंह विवादों में घिर गईं। सोशल मीडिया पर भारी फजीहत और ट्रोलिंग के बाद उन्होंने वीडियो डिलीट कर माफी मांग ली है।

राजधानी दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन के दौरान का एक वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर बवाल काट रहा है। इस वीडियो में एक सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) के जवानों की वर्दी पर भद्दी टिप्पणी करते हुए रील बनाती नजर आ रही है। हालांकि, वीडियो वायरल होने और लोगों के भड़कने के बाद इन्फ्लुएंसर श्रद्धा सिंह ने अब सार्वजनिक तौर पर माफी मांग ली है।

क्या है पूरा मामला?

नीट परीक्षा में गड़बड़ी को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर सीजेपी का प्रदर्शन चल रहा था। इसी दौरान इंस्टाग्राम इन्फ्लुएंसर श्रद्धा सिंह वहां पहुंचीं। नीली वर्दी पहने बैठे RAF जवानों के सामने खड़े होकर उन्होंने एक टॉयलेट क्लीनर का विज्ञापन रीक्रिएट किया।

श्रद्धा ने लाल रंग के कपड़े पहने थे। उन्होंने जवानों की तरफ इशारा करते हुए कहा, "नीला वाला टॉयलेट के लिए।" इसके बाद खुद की तरफ इशारा करते हुए कहा, "लाल बाथरूम के लिए।"

लोगों का फूटा गुस्सा, जमकर हुई ट्रोलिंग

वीडियो इंटरनेट पर आते ही आग की तरह फैल गया। सोशल मीडिया यूजर्स ने इसे सुरक्षाबलों की वर्दी का घोर अपमान बताया और इन्फ्लुएंसर को जमकर खरी-खोटी सुनाई। लोगों का कहना था कि देश की सुरक्षा में तैनात जवानों के साथ इस तरह का मजाक बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। विवाद इतना बढ़ गया कि यूजर्स उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की भी मांग करने लगे।

भारी विरोध के बाद हटाया वीडियो, दी सफाई

विवाद बढ़ता देख इन्फ्लुएंसर ने न सिर्फ विवादित वीडियो को डिलीट किया, बल्कि एक नया वीडियो जारी कर माफी भी मांगी। श्रद्धा सिंह ने सफाई देते हुए कहा, "मैं आर्मी ऑफिसर्स से माफी मांगना चाहती हूं। मेरा इरादा किसी का मजाक उड़ाने या किसी दुर्भावना के साथ वीडियो बनाने का नहीं था।" इन्फ्लुएंसर ने बताया कि पोस्ट करने के तुरंत बाद उन्हें अपनी गलती का अहसास हो गया था और 1 घंटे के अंदर ही उन्होंने वीडियो हटा लिया था।

मीम पेजों पर आरोप

उन्होंने दावा किया कि कुछ मीम पेजों को पैसे दिए गए हैं ताकि वे इस वीडियो को ज्यादा से ज्यादा वायरल कर सकें। उन्होंने लोगों से गालियां और धमकियां न देने की भी अपील की और स्पष्ट किया कि उन्होंने किसी दबाव में नहीं, बल्कि खुद को व्यक्तिगत रूप से बुरा लगने के कारण यह माफीनामा अपलोड किया है।

घायल पुलिसकर्मियों के परिजनों ने संसद में चर्चा की मांग की

इस बीच कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) के 'चलो संसद' मार्च के दौरान घायल हुए दिल्ली पुलिस के चार जवानों के परिजनों ने शुक्रवार को कहा कि संसद में उनकी पीड़ा पर भी चर्चा होनी चाहिए। परिजनों ने कहा कि अब तक इस पूरे घटनाक्रम पर हुई चर्चा मुख्य रूप से पुलिस प्रताड़ना के आरोपों पर ही केंद्रित रही है।

परिजनों ने 20 जुलाई को आयोजित 'चलो संसद' मार्च के दौरान हुई हिंसा पर ''अपना पक्ष'' रखते हुए कहा कि ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों को लगी चोटों और उनके परिवारों की पीड़ा पर भी संसद में चर्चा की जानी चाहिए।