सीवान शहर के गांधी मैदान के पास स्थित पोखरे में युवक की मौत हो गई। मंगलवार दोपहर बारिश के पानी से लबालब पोखरे में नहाने के दौरान एक 35 वर्षीय युवक डूब गया।
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मौके पर मौजूद लोगों ने तत्काल पुलिस और प्रशासन को सूचना दी, लेकिन जिस प्रशासन से तत्काल रेस्क्यू की उम्मीद थी, वही करीब तीन घंटे तक नदारद रहा।
आखिरकार ग्रामीण इलाके से गोताखोर बुलाए गए और उन्होंने महज 15 मिनट में युवक को पोखरे से बाहर निकाल दिया।
घटना से जुड़ी तस्वीरें देखिए….



अब जानिए पूरी घटना….
जानकारी के अनुसार, मंगलवार दोपहर पोखरे में तीन-चार बच्चे नहा रहे थे। उन्हें नहाता देखकर वहां बैठा एक युवक भी कपड़े उतारकर पानी में उतर गया।
युवक को तैरना नहीं आता था और वह अचानक गहरे पानी में डूबने लगा। उसे डूबता देखकर बच्चे पानी से बाहर निकल गए।
इसी दौरान वहां मौजूद एक युवक ने भी पानी में छलांग लगाकर उसे बचाने का प्रयास किया, लेकिन वह उसे तलाश नहीं सका।
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने तत्काल डायल-112, नगर थाना पुलिस और प्रशासन को सूचना दी।
500 मीटर के दायरे में अधिकारीयों का ऑफिस
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई, लेकिन रेस्क्यू के लिए प्रशासनिक स्तर पर कोई व्यवस्था नजर नहीं आई।
सबसे हैरानी की बात यह रही कि घटनास्थल से महज करीब 500 मीटर के दायरे में सदर एसडीओ, डीएम समेत कई बड़े प्रशासनिक अधिकारियों के कार्यालय और आवास हैं, इसके बावजूद किसी जिम्मेदार अधिकारी ने मौके पर पहुंचकर तत्काल बचाव अभियान शुरू कराने की जहमत नहीं उठाई।
करीब दो घंटे बाद सीवान सदर के अंचलाधिकारी मौके पर पहुंचे, लेकिन उनके हाथ भी खाली थे।
2 KM दूर से पहुंचे गोताखोर
जब उनसे रेस्क्यू को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने बताया कि गोताखोरों को बुलाया जा रहा है। इसके बाद भी करीब एक घंटे का समय और गुजर गया।
करीब तीन घंटे बाद मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के ओरमा गांव से करीब पांच गोताखोर घटनास्थल पर पहुंचे।
घटनास्थल से लगभग दो किलोमीटर दूर से पहुंचे गोताखोरों ने पानी में उतरकर महज 15 मिनट के भीतर युवक को ढूंढ निकाला और बाहर निकाला।
इसके बाद परिजन उसे तत्काल सदर अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।
मृतक की पहचान नगर थाना क्षेत्र के कागजी मोहल्ला निवासी स्वर्गीय भगवती प्रसाद के 35 वर्षीय पुत्र रमेश कुमार के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि रमेश मानसिक रूप से बीमार थे।