Egg Storage Tips: फ्रिज में रखने के बाद भी क्यों टूट जाता है अंडे का छिलका? जानें कब खाना सुरक्षित और कब तुरंत फेंक देना चाहिए

Published on 26 अग॰ 2026


अंडे लगभग हर घर की रसोई में इस्तेमाल होते हैं। लेकिन कई बार फ्रिज से अंडे निकालते समय उनके छिलके पर दरार नजर आती है। ऐसे में सवाल उठता है कि फ्रिज में सुरक्षित रखने के बावजूद अंडा आखिर टूट क्यों गया और क्या हल्का क्रैक हुआ अंडा खाना सुरक्षित है?दरअसल, अंडे के छिलके में बहुत छोटे-छोटे छिद्र होते हैं और तापमान में अचानक बदलाव, दबाव या गलत तरीके से स्टोरेज करने पर उसमें दरार आ सकती है। इसलिए अंडे खरीदने से लेकर फ्रिज में रखने तक कुछ सावधानियां जरूरी हैं।

तापमान में बदलाव से आ सकता है क्रैक

अंडों को गर्म जगह से सीधे बहुत ठंडे वातावरण में रखने या बार-बार फ्रिज से बाहर निकालकर वापस रखने पर तापमान में बदलाव हो सकता है। इससे कमजोर छिलके वाले अंडों में दरार पड़ने की संभावना बढ़ सकती है।इसके अलावा फ्रिज का दरवाजा बार-बार खुलने और बंद होने के कारण वहां तापमान में अपेक्षाकृत ज्यादा उतार-चढ़ाव होता है। इसलिए अंडों को दरवाजे की एग ट्रे में रखने के बजाय फ्रिज की अंदर वाली शेल्फ पर रखना बेहतर होता है।

अंडों को कार्टन में ही रखें

अंडों को उनके ओरिजिनल कार्टन में रखकर फ्रिज की मुख्य शेल्फ पर रखना बेहतर विकल्प है। इससे अंडे आपस में टकराने से बचते हैं और बाहरी गंध व नमी के सीधे संपर्क में भी कम आते हैं।अंडों के ऊपर कोई भारी सामान रखने से भी बचें। फ्रिज में उन्हें ऐसी जगह रखें जहां उन पर दबाव न पड़े।

खरीदते समय ही कर लें जांच

कई बार अंडे फ्रिज में रखने के बाद नहीं, बल्कि दुकान से घर लाते समय ही क्रैक हो जाते हैं। इसलिए खरीदारी के समय कार्टन में रखे हर अंडे को ध्यान से देख लें।

जिस अंडे के छिलके पर दरार, टूट-फूट या लीक नजर आए, उसे खरीदने से बचना चाहिए। घर पहुंचने के बाद भी अंडों को फ्रिज में रखने से पहले एक बार जांच लेना अच्छा रहता है।

हर क्रैक हुआ अंडा एक जैसा नहीं होता

छिलके पर आई हल्की दरार और पूरी तरह टूटे अंडे में अंतर होता है। अगर छिलका इस तरह टूट गया है कि अंडे का सफेद हिस्सा या जर्दी बाहर निकल रही है, तो ऐसे अंडे को इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।

वहीं, अगर स्टोरेज के दौरान बहुत हल्की दरार आई है और अंडे की सामग्री बाहर नहीं निकली है, तो भी उसे लंबे समय तक स्टोर करने से बचना चाहिए। ऐसे अंडे को जल्द इस्तेमाल करके अच्छी तरह पकाना ज्यादा सुरक्षित विकल्प है।

कच्चा या अधपका अंडा खाने से बचें

हल्का क्रैक हुआ अंडा इस्तेमाल करते समय उसे पूरी तरह पकाना जरूरी है। ऐसे अंडे को कच्चे या अधपके रूप में खाने से बचना चाहिए। खासकर ऐसी डिश में इसका इस्तेमाल न करें जिसमें अंडा पूरी तरह पकता नहीं है।अंडे को तब तक पकाएं जब तक सफेद हिस्सा और जर्दी अच्छी तरह पक न जाए।

बदबू आए तो बिल्कुल न खाएं

अगर फटे हुए अंडे को खोलने पर तेज खराब गंध आती है, उसका रंग या बनावट असामान्य नजर आती है या अंडा संदिग्ध लगता है, तो उसे फेंक देना ही बेहतर है। खराब अंडे को चखकर जांचने की कोशिश भी नहीं करनी चाहिए।

अंडों को सुरक्षित रखने के आसान तरीके
अंडों को फ्रिज की मुख्य शेल्फ पर रखें।
उन्हें ओरिजिनल कार्टन में ही स्टोर करें।
फ्रिज के दरवाजे में अंडे रखने से बचें।
अंडों के ऊपर भारी सामान न रखें।
खरीदते समय फटे या क्रैक वाले अंडे न लें।
अंडों को संभालते समय उन्हें जोर से न पटकें।
पहले से फटे और लीक कर रहे अंडे को इस्तेमाल न करें।