Giridih News : तिसरी थाना पुलिस ने विशेष जांच टीम के साथ की कार्रवाई, मां-बेटा-बहू और चचेरी बहन पर चेन स्नैचिंग गिरोह में शामिल होने का आरोप, बिहार के नवादा से हुई गिरफ्तारी
Giridih News : गिरिडीह जिले के तिसरी थाना क्षेत्र स्थित प्रसिद्ध जमामो माता मंदिर में महिला श्रद्धालुओं से सोने की चेन चोरी के मामले का पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर उद्भेदन कर लिया है। पुलिस ने बिहार के नवादा जिले से एक ही परिवार के चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से चोरी की गई सोने की चेन, लॉकेट और मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं।
Giridih News : गिरिडीह जिले के तिसरी थाना पुलिस ने जमामो माता मंदिर परिसर में महिला श्रद्धालुओं के साथ हुई चेन स्नैचिंग की घटना का महज 24 घंटे के अंदर उद्भेदन करते हुए अंतरराज्यीय चेन स्नैचर गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस मामले में पुलिस ने एक पुरुष और तीन महिलाओं समेत चार आरोपियों को बिहार के नवादा जिले से गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार गिरफ्तार सभी आरोपी एक ही परिवार से जुड़े हुए हैं और इनके खिलाफ पहले भी आपराधिक घटनाओं में शामिल होने की जानकारी सामने आई है।
मामले का खुलासा सोमवार को तिसरी थाना परिसर में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान खोरीमहुआ एसडीपीओ अमरेंद्र कुमार ने किया। उन्होंने बताया कि जमामो माता मंदिर में महिला श्रद्धालुओं के गले से सोने की चेन चोरी की घटना के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया और विशेष जांच टीम का गठन कर लगातार जांच शुरू की गई।
पुलिस के अनुसार 29 अगस्त को तिसरी थाना क्षेत्र के प्रसिद्ध और आस्था के प्रमुख केंद्र जमामो माता मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन और पूजा-अर्चना के लिए पहुंचे थे। इसी दौरान महिला श्रद्धालुओं की भीड़ का फायदा उठाकर कुछ लोगों ने उनके गले से सोने की चेन चोरी कर ली।
घटना के बाद हीरोडीह थाना क्षेत्र निवासी अजीत कुमार साव ने तिसरी थाना में लिखित आवेदन देकर मामले की शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर तिसरी थाना कांड संख्या 72/26 दर्ज किया गया और पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी।
मंदिर जैसे धार्मिक स्थल पर महिला श्रद्धालुओं के साथ चेन चोरी की घटना सामने आने के बाद पुलिस पर आरोपियों को जल्द पकड़ने की चुनौती थी। इसी को देखते हुए गिरिडीह पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर मामले की जांच तेज कर दी गई।
घटना की गंभीरता को देखते हुए खोरीमहुआ एसडीपीओ अमरेंद्र कुमार के नेतृत्व में विशेष जांच टीम यानी एसआईटी का गठन किया गया। जांच टीम ने सबसे पहले घटनास्थल का निरीक्षण किया और जमामो माता मंदिर परिसर में मौजूद श्रद्धालुओं, स्थानीय लोगों तथा अन्य प्रत्यक्षदर्शियों से जानकारी जुटाई।
पुलिस टीम ने मंदिर परिसर और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज भी खंगाले। फुटेज के आधार पर पुलिस ने संदिग्ध लोगों की गतिविधियों की पहचान करने का प्रयास किया। इसके साथ ही ग्रामीणों से भी लगातार पूछताछ की गई, जिसके बाद पुलिस को मामले में अहम सुराग मिला।
जांच के दौरान ग्रामीणों की मदद से पुलिस को एक संदिग्ध महिला अंशु कुमारी के बारे में जानकारी मिली। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए उसे डोरंडा स्थित एक किराए के मकान से हिरासत में लिया।
पुलिस के अनुसार पूछताछ के दौरान अंशु कुमारी ने चेन चोरी की घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार की। पूछताछ में उसने गिरोह में शामिल अन्य लोगों के बारे में भी जानकारी दी। इसके बाद पुलिस ने उसके बताए गए ठिकानों पर कार्रवाई की योजना बनाई।
अंशु कुमारी की निशानदेही पर तिसरी थाना प्रभारी शंभू नंद ईश्वर के नेतृत्व में पुलिस टीम बिहार रवाना हुई। टीम ने नवादा जिले के सिरदला थाना क्षेत्र अंतर्गत प्रतापपुर गांव में छापेमारी की और वहां से तीन अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान टिंकल मिश्रा, पिता विक्की मिश्रा, सरिता देवी, पति विक्की मिश्रा और मुस्कान देवी, पति टिंकल मिश्रा के रूप में हुई है। इससे पहले पुलिस ने अंशु कुमारी को हिरासत में लिया था।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार चारों आरोपी एक ही परिवार से जुड़े हुए हैं। इनमें मां, बेटा, बहू और चचेरी बहन शामिल हैं। पुलिस अब इनके पूरे नेटवर्क और पूर्व में की गई घटनाओं की जानकारी जुटा रही है।
प्राथमिक जांच में यह बात भी सामने आई है कि गिरोह का आपराधिक इतिहास रहा है। पुलिस के अनुसार आरोपियों पर बिहार में भी चेन स्नैचिंग की घटनाओं को अंजाम देने के आरोप सामने आए हैं। पुलिस इस संबंध में बिहार पुलिस और संबंधित थानों से भी जानकारी जुटा सकती है।
गिरफ्तार आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने डोरंडा स्थित किराए के मकान से चोरी की गई सोने की चेन, सोने का एक लॉकेट और दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं। बरामद सामान को पुलिस ने जब्त कर लिया है।
पुलिस का कहना है कि बरामद मोबाइल फोन की भी जांच की जा रही है। इससे गिरोह के अन्य संभावित सदस्यों और उनके संपर्कों की जानकारी मिलने की संभावना है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि आरोपी किन-किन इलाकों में जाकर धार्मिक स्थलों, भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर चोरी या चेन स्नैचिंग की घटनाओं को अंजाम देते थे।
पुलिस की जांच में इस बात की भी पड़ताल की जा रही है कि क्या आरोपी भीड़भाड़ वाले धार्मिक स्थलों को विशेष रूप से निशाना बनाते थे। धार्मिक स्थलों पर दर्शन और पूजा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहते हैं। ऐसे में महिलाओं के गले से चेन या अन्य आभूषण चोरी करने वाले अपराधियों को भीड़ का फायदा मिल सकता है।
जमामो माता मंदिर में हुई घटना ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े किए थे। हालांकि, पुलिस द्वारा 24 घंटे के भीतर मामले का उद्भेदन कर आरोपियों की गिरफ्तारी को बड़ी सफलता माना जा रहा हैइन पुलिस पदाधिकारियों की रही सराहनीय भूमिका
चेन स्नैचिंग मामले के उद्भेदन और आरोपियों की गिरफ्तारी में खोरीमहुआ एसडीपीओ अमरेंद्र कुमार की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस टीम में इंस्पेक्टर रोहित महतो, तिसरी थाना प्रभारी शंभू नंद ईश्वर, एसआई लव कुमार, एएसआई मोहम्मद मूसा, निरंजन राय, नीरज कुमार सिंह, राहुल यादव और मीना मुर्मू ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
पुलिस अधिकारियों ने टीमवर्क और तकनीकी जांच के माध्यम से इस मामले का त्वरित उद्भेदन किया। सीसीटीवी फुटेज, स्थानीय लोगों से पूछताछ और संदिग्धों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस आरोपियों तक पहुंचने में सफल रही।
गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस अब उनके आपराधिक इतिहास, अन्य मामलों में संलिप्तता और गिरोह के संभावित नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है। साथ ही पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि चोरी की गई संपत्ति का इस्तेमाल या बिक्री किस तरह की जाती थी और क्या इस मामले में अन्य लोग भी शामिल हैं।
जमामो माता मंदिर में हुई चेन चोरी की घटना का तेजी से खुलासा कर गिरिडीह पुलिस ने न केवल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, बल्कि महिला श्रद्धालुओं को निशाना बनाने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह के नेटवर्क की जांच का रास्ता भी खोल दिया है। पुलिस की कार्रवाई के बाद अब मामले से जुड़े अन्य संभावित अपराधियों पर भी शिकंजा कसने की उम्मीद है।