Published: Tuesday, July 14, 2026, 20:15 [IST]
Nitin Gadkari E20 Fuel: देश में इन दिनों एथेनॉल ब्लेंडेड पेट्रोल यानी E20 फ्यूल को लेकर सोशल मीडिया से लेकर सड़क तक एक नई बहस छिड़ गई है। हाल ही में देश के सबसे बड़े यूट्यूबर सौरव जोशी ने दावा किया कि E20 पेट्रोल की वजह से उनकी लग्जरी मर्सिडीज-बेंज (Mercedes-Benz) कार का माइलेज अचानक बहुत कम हो गया है।
मामला बढ़ते ही खुद केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी मैदान में उतर आए हैं। गडकरी ने साफ शब्दों में कहा है कि गाड़ी में कोई भी खराबी आने पर आंख मूंदकर एथेनॉल को दोष देना बिल्कुल गलत है।
सौरव जोशी ने अपने व्लॉग में दावा किया था कि E20 पेट्रोल के इस्तेमाल से उनकी मर्सिडीज कार का माइलेज काफी गिर गया है। इसके बाद सोशल मीडिया पर लोग एथेनॉल फ्यूल की क्वालिटी को लेकर सवाल उठाने लगे। लेकिन विवाद बढ़ता देख जर्मनी की दिग्गज कार कंपनी मर्सिडीज-बेंज इंडिया ने तुरंत सामने आकर अपनी बात रखी।
कंपनी ने साफ किया कि उनकी सभी बीएस-6 (BS VI) पेट्रोल कारें E20 फ्यूल पर चलने के लिए पूरी तरह से फिट हैं। कंपनी की इस सफाई के बाद सौरव जोशी ने भी यू-टर्न ले लिया। उन्होंने अपनी बात सुधारते हुए माना कि उनकी कार का माइलेज किसी फ्यूल की वजह से नहीं, बल्कि इंजन में आई एक तकनीकी खराबी के कारण गिरा था।
नितिन गडकरी बोले- 'हर खराबी का ठीकरा एथेनॉल पर मत फोड़ो'
इस पूरे मामले पर मंगलवार (14 जुलाई) को केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि देश को आत्मनिर्भर बनाने और पेट्रोल-डीजल के लिए दूसरे देशों पर निर्भरता कम करने के लिए बायोफ्यूल का रोडमैप बहुत पहले ही साफ कर दिया गया था।
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा,
"सरकार का वैकल्पिक ईंधन यानी बायोफ्यूल को अपनाने का प्लान शुरू से ही एकदम पारदर्शी रहा है। इस बारे में हर स्तर पर जनता को खुलकर जानकारी दी गई है। गाड़ियां भी एक मशीन हैं और किसी भी मशीन में कभी भी कोई मैकेनिकल खराबी आ सकती है। कोई भी तकनीक 100 प्रतिशत परफेक्ट नहीं होती। अगर आपकी गाड़ी में कोई समस्या आती है, तो डीलर के पास जाकर उसकी जांच कराएं और जरूरत पड़ने पर इंश्योरेंस का इस्तेमाल करें। गाड़ी की हर मैकेनिकल दिक्कत को जबरन एथेनॉल से जोड़ना ठीक नहीं है।"
क्या वाकई सुरक्षित है आपकी गाड़ी के लिए E20 फ्यूल? नितिन गडकरी ने समझाया
नितिन गडकरी ने लोगों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर चल रही अफवाहों पर ध्यान न दें। सरकार का रुख पूरी तरह साफ है कि नया E20 फ्यूल आज के वाहनों के लिए पूरी तरह सुरक्षित है। नितिन गडकरी के मुताबिक E20 फ्यूल नए और पुराने दोनों तरह के वाहनों के लिए पूरी तरह से सुरक्षित और परखा हुआ है।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि कुछ लोग जानबूझकर इस ईंधन को लेकर भ्रम और डर का माहौल बना रहे हैं। यह आलोचना तथ्यों पर आधारित नहीं है, बल्कि इसके पीछे राजनीतिक हित छिपे हुए हैं। इस नीति का सबसे बड़ा मकसद देश के करोड़ों रुपये बचाना और भारत को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाना है।
इसलिए अगर आपकी कार या बाइक में माइलेज या परफॉर्मेंस की कोई दिक्कत आती है, तो सबसे पहले ऑथराइज्ड सर्विस सेंटर जाकर मैकेनिक से गाड़ी की जांच करवाएं, न कि बिना सोचे-समझे ईंधन को इसका कसूरवार ठहराएं।