एसआईआर पर घमासान: मल्लिकार्जुन खरगे ने विपक्षी सांसदों को लंच पर बुलाया, सीईसी से मिलने के लिए लिखेंगे चिट्ठी

Published on 7 अक्टू॰ 2026

कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे ने बुधवार को राजधानी में दोपहर 1 बजे विपक्षी सांसदों को लंच बैठक के लिए बुलाया है। सूत्रों के मुताबिक, इस बैठक में सांसद मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार से मिलने का समय मांगने वाली चिट्ठी पर हस्ताक्षर करेंगे।



चुनाव आयोग के खिलाफ विपक्ष का दबाव जारी


यह कदम ऐसे समय उठाया गया है जब 6 अक्टूबर को इंडिया ब्लॉक के नेताओं ने विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के मुद्दे पर चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध मार्च निकाला था। विपक्षी नेता निर्वाचन सदन की ओर बढ़े, लेकिन पुलिस ने उन्हें बैरिकेड लगाकर रोक दिया। इससे पहले कांग्रेस ने एक आधिकारिक पोस्ट में कहा था, “संविधान और लोकतंत्र सर्वोपरि हैं। जब तक संविधान और लोकतंत्र को हर जनविरोधी और राष्ट्रविरोधी ताकत से पूरी तरह सुरक्षित नहीं कर लिया जाता, तब तक हमारा संघर्ष जारी रहेगा।”

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एसआईआर को लेकर चुनाव आयोग से जवाब मांग रहा इंडिया ब्लॉक


इंडिया ब्लॉक के नेता चुनाव आयोग से एसआईआर को लेकर लगातार जवाब मांग रहे हैं। विपक्ष का आरोप है कि चुनाव आयोग उसकी चिंताओं का संतोषजनक जवाब नहीं दे रहा है और उसकी आपत्तियों को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा। विपक्ष का यह प्रदर्शन उसके बड़े 'सेव डेमोक्रेसी' अभियान का हिस्सा था। इंडिया ब्लॉक में शामिल कई दलों के नेता निर्वाचन सदन की ओर मार्च करते हुए पहुंचे, लेकिन उन्हें बैरिकेड लगाकर आगे बढ़ने से रोक दिया गया।

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'करीब 300 सांसद चुनाव आयुक्तों से मिलना चाहते थे'


मार्च रोके जाने के बाद विपक्षी नेताओं ने आकाशवाणी भवन के पास धरना दिया। इस दौरान लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने दावा किया कि करीब 300 विपक्षी सांसद चुनाव आयुक्तों से मिलना चाहते थे और अपनी चिंताओं से जुड़ा ज्ञापन उन्हें सौंपना चाहते थे। इसके बाद राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा समेत विपक्ष के कई नेताओं को दिल्ली पुलिस ने हिरासत में ले लिया।



'शाम 4 बजे तक किसी ने नहीं मांगा था समय'


विरोध प्रदर्शन के बाद चुनाव आयोग ने अपनी तरफ से सफाई दी। आयोग ने कहा कि शाम 4 बजे तक किसी भी राजनीतिक दल ने चुनाव आयोग से मुलाकात के लिए आधिकारिक तौर पर समय नहीं मांगा था। चुनाव आयोग ने अपने बयान में कहा कि शाम करीब 4 बजे दिल्ली पुलिस ने उसे जानकारी दी कि लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के नेतृत्व में करीब 240 सांसदों का एक प्रतिनिधिमंडल चुनाव आयुक्तों से मिलना चाहता है और संसद भवन एनेक्सी में उन्हें ज्ञापन सौंपना चाहता है।



'मिलने का तरीका और जगह तय प्रोटोकॉल से अलग'


चुनाव आयोग ने कहा कि उसने सांसदों के प्रस्तावित मिलने की जगह और जिस तरीके से मुलाकात की मांग की गई, उसे अपने तय प्रोटोकॉल के लिहाज से 'असामान्य' माना। आयोग के मुताबिक, राजनीतिक दलों और प्रतिनिधिमंडलों के साथ बैठक के लिए एक स्थापित प्रक्रिया है।



आयोग ने ज्ञापन लेने के लिए वरिष्ठ अधिकारी भेजने का प्रस्ताव दिया


ईसीआई ने बताया कि बाद में उसने विपक्षी सांसदों के प्रतिनिधिमंडल से ज्ञापन लेने के लिए अपने सबसे वरिष्ठ कार्यकारी अधिकारी को मौके पर भेजने पर विचार किया था। हालांकि, आयोग के मुताबिक, विपक्षी सांसदों ने इस प्रस्ताव को स्वीकार नहीं किया।



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अब खरगे की बैठक से आगे की रणनीति पर नजर


अब मल्लिकार्जुन खरगे की ओर से बुलाई गई लंच बैठक को विपक्ष की अगली रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है। सांसदों के सीईसी से मिलने के लिए चिट्ठी पर हस्ताक्षर करने के बाद चुनाव आयोग से औपचारिक मुलाकात की मांग और तेज होने की संभावना है।