
उत्तराखंड टेक्निकल यूनिवर्सिटी.
Dehradun News: देशभर में छात्रों से जुड़े मुद्दों को लेकर बढ़ते विरोध के बीच उत्तराखंड टेक्निकल यूनिवर्सिटी (UTU) में पेपर लीक का मामला सामने आने से हड़कंप मच गया है. विश्वविद्यालय ने प्रश्नपत्र लीक होने के आरोपों के बाद 24 जून और 8 जुलाई को आयोजित दो परीक्षाओं को रद्द कर दिया है. इस घटना के बाद सैकड़ों छात्रों का भविष्य अधर में लटक गया है, जबकि मामले की जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग तेज हो गई है.
वॉट्सऐप ग्रुप पर प्रश्नपत्र साझा करने का आरोप
आरोप है कि देहरादून स्थित शिवालिक कॉलेज के एक असिस्टेंट प्रोफेसर ने परीक्षा से पहले वॉट्सऐप ग्रुप पर प्रश्नपत्र साझा किया और छात्रों को महत्वपूर्ण प्रश्नों की जानकारी दी. शिकायत विश्वविद्यालय तक पहुंचने के बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू की गई. जांच में प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए जाने पर विश्वविद्यालय प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए संबंधित परीक्षाओं को रद्द कर दिया.
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NSUI ने किया विरोध प्रदर्शन
पेपर लीक की जानकारी सामने आने के बाद NSUI कार्यकर्ता उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय परिसर पहुंचे और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर प्रदर्शन किया. कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि इस मामले में किसी बड़े गिरोह की संलिप्तता हो सकती है. इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए. विश्वविद्यालय परिसर में उन्हें रोक दिए जाने के बाद उन्होंने प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की.
कुलपति ने बताई कार्रवाई की पूरी जानकारी
UTU की कुलपति तृप्ता ठाकुर ने बताया कि 24 जून और 8 जुलाई की परीक्षाओं से जुड़ी गोपनीय शिकायत मिलने के बाद विश्वविद्यालय स्तर पर एक जांच समिति गठित की गई थी. जांच में आरोप सही पाए जाने पर शिवालिक कॉलेज के असिस्टेंट प्रोफेसर आशीष गुप्ता को विश्वविद्यालय की परीक्षा पैनल से सात वर्षों के लिए प्रतिबंधित कर दिया गया है.
उन्होंने बताया कि 8 जुलाई की परीक्षा में प्रश्नपत्र लीक होने की पुष्टि हुई थी. वहीं, 24 जून की इलेक्ट्रोमैग्नेटिक विषय की परीक्षा को एहतियातन रद्द किया गया, क्योंकि उसका प्रश्नपत्र भी उसी शिक्षक ने तैयार किया था. यह परीक्षा अब अगस्त में दोबारा आयोजित की जाएगी. कुलपति ने दावा किया कि विश्वविद्यालय की परीक्षा प्रणाली सुरक्षित है. भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं.
आरोपी प्रोफेसर गिरफ्तार, पुलिस कर रही जांच
मामले में प्रेमनगर थाना पुलिस ने विश्वविद्यालय की शिकायत के आधार पर आरोपी असिस्टेंट प्रोफेसर आशीष गुप्ता के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है. एसपी सिटी प्रमोद कुमार ने बताया कि पुलिस पेपर लीक से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है. यह पता लगाया जा रहा है कि इस मामले में अन्य लोगों की भी भूमिका है या नहीं.

अवनीश कुमार पाल
देहरादून के रहने वाले अवनीश कुमार पाल ने DAV कॉलेज देहरादून से ग्रेजुएशन के साथ-साथ निजी इंस्टीट्यूट से मास कम्युनिकेशन में डिप्लोमा किया है. वर्तमान में वो टीवी 9 नेटवर्क के साथ जुड़े हुए हैं और पत्रकारिता के क्षेत्र में पिछले 16 वर्षों से सक्रिय रूप से अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अपने 16 वर्षों के पत्रकारिता करियर में उन्होंने साधना न्यूज़, ज़ी न्यूज़, ईटीवी, न्यूज़18, नेशनल वॉइस न्यूज़ जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में अपनी सेवाएं दी हैं. पत्रकारिता के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण और बड़े आयोजनों की कवरेज की. इनमें इंडियन मिलिट्री अकादमी (IMA) की पासिंग आउट परेड, प्रधानमंत्री एवं गृह मंत्री के कार्यक्रम, चारधाम यात्रा, विधानसभा सत्र, लोकसभा चुनाव कवरेज और देहरादून इन्वेस्टर समिट शामिल है. इसके अलावा वर्ष 2025 में उत्तरकाशी के धराली क्षेत्र में आई आपदा की लगातार पांच दिनों तक ग्राउंड रिपोर्टिंग की. न्यूज़18 में कार्यकाल के दौरान देहरादून के एक निजी मेडिकल कॉलेज में परीक्षा में नकल की एक्सक्लूसिव खबर प्रसारित कर परीक्षा रद्द करवाना उनकी महत्वपूर्ण उपलब्धियों में शामिल है.
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