ऑनलाइन ऑफर दिखाकर कर रहे थे खेल, सरकार ने Zepto, IndiGo, Physics Wallah समेत 9 बड़ी कंपनियों पर ठोका जुर्माना

Published on 6 अग॰ 2026

Aug 06, 2026 09:00 am ISTलाइव हिन्दुस्तान

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केंद्र सरकार ने ग्राहकों को गुमराह करने के आरोप में Zepto, IndiGo, SpiceJet, PhysicsWallah समेत 9 बड़े डिजिटल प्लेटफॉर्म पर कार्रवाई की है। जानिए कंपनियों पर क्या आरोप हैं और इसका आम ग्राहकों पर क्या असर पड़ेगा।

9 platforms penalised

ऑनलाइन शॉपिंग और टिकट बुकिंग वालों के लिए अलर्ट, सरकार ने 9 कंपनियों पर लगाया जुर्माना

अगर आप ऑनलाइन खाना ऑर्डर करते हैं, फ्लाइट टिकट बुक करते हैं या ऑनलाइन पढ़ाई के लिए किसी ऐप का इस्तेमाल करते हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। केंद्र सरकार ने ग्राहकों को गुमराह करने वाले ऐड और भ्रामक दावों के खिलाफ बड़ा कदम उठाते हुए Zepto, IndiGo, SpiceJet, PhysicsWallah समेत 9 बड़े डिजिटल प्लेटफॉर्म पर कार्रवाई की है। सरकार का कहना है कि इन कंपनियों ने कुछ मामलों में ऐसे दावे किए या जानकारी दिखाई, जिससे ग्राहक गुमराह हो सकते थे।

यह कार्रवाई केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (CCPA) की ओर से की गई है। सरकार का मकसद ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर ट्रांसपेरेंसी बढ़ाना और ग्राहकों के अधिकारों की रक्षा करना है। डिजिटल सेवाओं के बढ़ते इस्तेमाल के बीच सरकार लगातार ऐसी कंपनियों पर नजर रख रही है, जो नियमों का पालन नहीं करतीं या ग्राहकों को पूरी और सही जानकारी नहीं देतीं।

इन कंपनियों पर हुई कार्रवाई

सरकारी कार्रवाई में अलग-अलग सेक्टर की कंपनियां शामिल हैं। इनमें क्विक कॉमर्स, एयरलाइन, ऑनलाइन एजुकेशन और अन्य डिजिटल सेवाएं देने वाले प्लेटफॉर्म शामिल हैं।

Zepto

IndiGo

SpiceJet

PhysicsWallah

Uber

Myntra

Acko

EaseMyTrip

Adobe

सरकार का कहना है कि किसी भी कंपनी को ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए ऐसे दावे नहीं करने चाहिए जो पूरी तरह सही या स्पष्ट न हों।

ग्राहकों पर पड़ेगा असर

सरकार की इस कार्रवाई का सबसे बड़ा फायदा आम ग्राहकों को मिलेगा। आने वाले समय में कंपनियों को अपने विज्ञापन, ऑफर और कीमतों से जुड़ी जानकारी अधिक स्पष्ट तरीके से दिखानी होगी। इससे ग्राहकों के लिए सही फैसला लेना आसान होगा और उन्हें बाद में छिपी हुई शर्तों या एक्स्ट्रा चार्ज का सामना नहीं करना पड़ेगा। सरकार ने साफ संकेत दिया है कि सिर्फ बड़ी ब्रांड होने से नियमों में कोई छूट नहीं मिलेगी। अगर कोई भी कंपनी ग्राहकों को गुमराह करने वाले दावे करती है या जरूरी जानकारी छिपाती है, तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

ऑनलाइन सेवाओं का बढ़ता इस्तेमाल, बढ़ी जिम्मेदारी

भारत में ऑनलाइन शॉपिंग, क्विक कॉमर्स, एयरलाइन बुकिंग और ऑनलाइन एजुकेशन का इस्तेमाल तेजी से बढ़ा है। करोड़ों लोग हर दिन इन प्लेटफॉर्म्स पर भरोसा करते हैं। ऐसे में कंपनियों की जिम्मेदारी भी बढ़ जाती है कि वे अपने ग्राहकों को सही जानकारी दें और किसी भी तरह के भ्रामक एड्स से बचें। कि आने वाले समय में CCPA डिजिटल प्लेटफॉर्म्स की निगरानी और सख्त कर सकती है। इससे उपभोक्ताओं के अधिकारों की सुरक्षा और मजबूत होगी।