NEET आंदोलन पर महाराष्ट्र कांग्रेस का भाजपा कार्यालय तक मार्च, हर्षवर्धन सपकाल समेत कई नेता गिरफ्तार| Navbharat Live

Published on 23 जुल॰ 2026

Updated On: Jul 23, 2026 | 10:09 AM IST

विज्ञापन

सार

Mumbai NEET Paper Leak Protest: राहुल गांधी से कथित बदसलूकी और NEET मुद्दे पर महाराष्ट्र कांग्रेस का मुंबई में प्रदर्शन। बीजेपी दफ्तर मार्च के दौरान हर्षवर्धन सपकाल व वडेट्टीवार हिरासत में।

Maharashtra Congress holds protest in Mumbai over Rahul Gandhi's treatment & NEET paper leak; key leaders detained near Regal Cinema during March to BJP office

कांग्रेस का भाजपा कार्यालय तक मार्च (सोर्स-सोशल मीडिया)

विस्तार

NEET Protest Maharashtra: दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्रों के आंदोलन के दौरान हुई पुलिस कार्रवाई और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के साथ कथित व्यवहार के विरोध में महाराष्ट्र कांग्रेस ने बुधवार को मुंबई में प्रदर्शन किया। पार्टी नेताओं ने गांधी भवन से भाजपा कार्यालय तक मार्च निकालने का ऐलान किया था। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि वे भाजपा कार्यालय जाकर संविधान की प्रति भेंट करना चाहते थे।

रीगल सिनेमा के पास पुलिस ने रोका मार्च

मार्च के दौरान पुलिस ने रीगल सिनेमा के पास बैरिकेडिंग कर प्रदर्शनकारियों को रोक दिया। इसके बाद प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल, विधानसभा में विपक्ष के नेता विजय वडेट्टीवार, महाराष्ट्र कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष नसीम खान सहित कई नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी की।

NEET और परीक्षा अनियमितताओं पर सरकार को घेरा

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने आरोप लगाया कि NEET प्रश्नपत्र लीक और विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं ने लाखों छात्रों के भविष्य को प्रभावित किया है। उन्होंने कहा कि इसी वजह से देशभर के छात्र सड़कों पर उतरने को मजबूर हुए हैं। उनके अनुसार, युवाओं की चिंताओं का समाधान करने के बजाय सरकार विरोध प्रदर्शनों को दबाने का प्रयास कर रही है।

सम्बंधित ख़बरें

यह भी पढ़ें:- डॉक्टरों पर हिंसा के खिलाफ IMA का ‘डिजिटल ग्रिड’: भारत में 77% डॉक्टर शिकार; केंद्रीय कानून की उठी मांग

छात्रों की बात सुनने की मांग

महाराष्ट्र कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष नसीम खान ने कहा कि सरकार को छात्रों की समस्याओं का समाधान निकालने के लिए संवाद करना चाहिए। उनका आरोप था कि आंदोलन कर रहे छात्रों के साथ बल प्रयोग किया गया और छात्राओं के साथ कथित बदसलूकी की घटनाएं सामने आई हैं। उन्होंने इसे लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत बताते हुए सरकार से जवाबदेही तय करने की मांग की।

प्रदर्शन के बाद राजनीतिक माहौल गरमाया

इस प्रदर्शन के बाद राज्य में छात्र आंदोलन और परीक्षा संबंधी मुद्दों पर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। कांग्रेस ने केंद्र सरकार से छात्रों की मांगों पर गंभीरता से विचार करने और परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की है। वहीं, पुलिस की कार्रवाई और प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक बहस भी तेज होती दिखाई दे रही है।

Follow Navbharatlive whatsapp