गणेश उत्सव के पावन दिनों में बप्पा की सेवा करने के बाद विसर्जन का दिन बेहद भावुक और खास होता है. बाप्पा की विदाई से पहले उन्हें उनका सबसे पसंदीदा और पारंपरिक भोग लगाना हर भक्त की कामना होती है. ऐसे में मोदक के अलावा चना दाल, गुड़ और गेहूं के आटे से बनी पूरण पोली से बेहतर और क्या हो सकता है. पूरण पोली महाराष्ट्र में तीज-त्योहार पर जरूर बनती है और यह गणेशोत्सव पर भी खासतौर पर बनाई जाती है. जायफल और इलायची की भीनी-भीनी खुशबू से महकती मीठी रोटी स्वाद में जितनी लाजवाब होती है, उतनी ही यह सेहत के लिए भी फायदेमंद है.
जब इस गरमा-गरम पूरण पोली पर शुद्ध देसी घी डालकर बप्पा को भोग लगाया जाता है, तो बप्पा प्रसन्न होकर सुख-समृद्धि का आशीर्वाद देते हैं. आइए जानते हैं गेहूं के आटे से बिना फटे एकदम सॉफ्ट और फूली-फूली पूरण पोली बनाने की पारंपरिक विधि!
सामग्री:
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पूरण (स्टफिंग) के लिए:
1 कप चना दाल (3-4 घंटे भीगी हुई)
1 कप गुड़ (बारीक कद्दूकस किया हुआ)
1/2 छोटा चम्मच इलायची पाउडर
1/4 छोटा चम्मच जायफल पाउडर
1 बड़ा चम्मच देसी घी
पोली (आटे) के लिए:
2 कप गेहूं का आटा
2 बड़े चम्मच मोयन के लिए तेल या घी
1/4 छोटा चम्मच हल्दी पाउडर (सुंदर रंग के लिए)
एक चुटकी नमक
आवश्यकतानुसार पानी (आटा गूंधने के लिए)
सेकने के लिए प्रचुर मात्रा में देसी घी
बनाने की विधि:
दाल उबालें: कुकर में भीगी हुई चना दाल और थोड़ा पानी डालकर 3-4 सीटी आने तक पकाएं (दाल अच्छी तरह गल जानी चाहिए, लेकिन ज्यादा पानी न रहे).
पूरण तैयार करें: उबली हुई दाल का पानी पूरी तरह छान लें. अब एक कढ़ाई में दाल और कद्दूकस किया गुड़ मिलाकर धीमी आंच पर पकाएं. जब गुड़ पिघल जाए और मिश्रण गाढ़ा होने लगे, तब इसमें इलायची पाउडर, जायफल पाउडर और 1 चम्मच घी मिलाएं. मिश्रण जब पेंदा छोड़ने लगे तो गैस बंद करें और इसे ठंडा करके मिक्सी या पूरण यन्त्र में पीसकर एकदम स्मूथ कर लें.
आटा गूंधें: एक परात में गेहूं का आटा, हल्दी, नमक और तेल/घी मिलाएं. थोड़ा-थोड़ा पानी डालकर एकदम नरम और लचीला आटा गूंध लें. आटे को 20-25 मिनट के लिए ढककर रख दें.
स्टफिंग भरें: आटे की एक लोई लें और उसे हाथ से कटोरी जैसा फैलाएं. अब आटे की लोई से थोड़ा बड़ा पूरण (दाल-गुड़ का गोला) लें और उसे आटे के बीच में रखें. चारों तरफ से समेटते हुए अच्छी तरह बंद कर लें.
बेलें: लोई पर थोड़ा-सा सूखा आटा लगाएं और हल्के हाथों से दबाते हुए पतली और गोल पूरण पोली बेल लें.
सेकें: तवे को मध्यम आंच पर गर्म करें. उस पर पूरण पोली डालें. जब एक तरफ हल्के बुलबुले आने लगें, तो पलट दें. दोनों तरफ देसी घी लगाकर सुनहरा और फूला-फूला होने तक सेकें.
सर्व करें: तैयार है आपकी गरमा-गरम और सुपर सॉफ्ट पूरण पोली. बप्पा को विसर्जन से पहले शुद्ध देसी घी के साथ इसका भोग लगाएं.
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